दबाव में नामांकन वापसी साबित हुई तो मुंबई और महाराष्ट्र की निर्विरोध जीती सीटों पर दोबारा चुनाव : आयोग

मुंबई : मुंबई सहित 29 महानगरपालिकाओं का चुनाव हो रहा है, इस चुनाव को मिनी विधानसभा चुनाव भी कहा जाता है। इसे संपन्न कराने की चुनौती राज्य चुनाव आयोग के सामने है। मनपा के लिए नामांकन भरते समय उम्मीदवारों को धमकाने और अधिकारियों द्वारा गलत तरीके से नामांकन रद्द करने और 69 निर्विरोध उम्मीदवारों के चुने जाने पर विवाद बढ़ गया है। इस पर राज्य चुनाव आयोग ने स्पष्ट कहा है कि यदि यह साबित हुआ कि दबाव में नामांकन वापसी हुई है या फॉर्म स्वीकार करने में कोई लापरवाही बरती गई है, तो उस प्रभाग में नए सिरे से चुनाव कराया जाएगा।
चुनाव आयोग विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर मामले की भी जांच कर रहे हैं। बीएमसी कमिश्नर ने अपनी रिपोर्ट चुनाव आयोग को सौंप दी है। दोषी साबित होने पर आदर्श आचार संहिता के तहत नार्वेकर के खिलाफ कार्यवाही होगी। हमारा मकसद निष्पक्ष चुनाव कराना है।
निर्विरोध चुने उम्मीदवारों के मामले में आयोग क्या कदम उठा रहा है?
राज्य में लगभग 69 नगरसेवक निर्विरोध हैं, इनके चुनाव परिणाम की घोषणा पर रोक लगा दी गई है। इस संबंध में हमने चुनाव अधिकारियों को रिपोर्ट देने को कहा है। हमें जो शिकायत मिली है, उसमें हम जांच कर रहे है कि कहीं दूसरे कैंडिडेट को धमकाया तो नहीं गया, पैसे देकर बैठाया गया या मसल पावर का इस्तेमाल किया गया। यदि जांच में यह साबित हुआ कि गलत तरीके से कैंडिडेट निर्विरोध चुना गया है, तो वहां दोबारा चुनाव कराए जाएंगे।
कोलाबा में उम्मीदवार को धमकाने का आरोप विधानसभा अध्यक्ष पर लगा है, आयोग क्या कदम उठा रहा है?
चुनाव आयोग को इस मामले में शिकायत मिली है। बीएमसी कमिश्नर ने जांच रिपोर्ट भी सौंप दी है। हमारी टीम विडियो की जांच कर रही है। जो भी दोषी होगा, उसके खिलाफ कानून के दायरे में कार्रवाई की जाएगी।
क्या चुनाव आयोग राहुल नार्वेकर के खिलाफ कार्रवाई करेगा?
हम कैंडिडेट को धमकी देने और चुनाव अधिकारी के व्यवहार की जांच कर रहे है। राहुल नार्वेकर के विडियो की जांच जा रही है। बीएमसी कमिश्नर ने अपनी रिपोर्ट चुनाव आयोग को सौप दी है। दोष साबित हुआ, तो मॉडल कोड ऑफ कंडक्ट के तहत उनके खिलाफ चुनाव आयोग कार्रवाई करेगा।
यदि उम्मीदवार से ज्यादा नोटा में वोट पड़ा, तो आयोग क्या करेगा?
अभी तक ऐसी स्थिति का सामना नहीं करना पड़ा है। ऐसा होने की आशंका कम है। निर्विरोध जीते उम्मीदवारों का रिजल्ट कब घोषित होगा?
लहाल निर्विरोध उम्मीदवारों का रिजल्ट रोक दिया गया है। इस पर संबंधित अधिकारियों से रिपोर्ट मांगी गई है। यदि जांच रिपोर्ट में कुछ नहीं पाया गया, तो 16 जनवरी को सभी का रिजल्ट घोषित करेंगे।
निर्दलीय उम्मीदवारों को प्रचार करने में दिक्कत आती है, उन्हें चुनाव आयोग कैसे संरक्षण देगा?
इस संबंध में मनपा आयुक्त, पुलिस कमिश्नर सहित अन्य अधिकारियों के साथ बैठक हुई है। हमें स्पष्ट निर्देश दिया है कि निर्दलीय उम्मीदवारों को पूरा संरक्षण दिया जाए। जिससे वह बिना भय के चुनाव प्रचार कर सकें। हम लगातार रिव्यू कर रहे है।
जिला परिषद के चुनाव कब होने की संभावना है ?
अभी हमारा ध्यान पूरा मनपा चुनाव पर है, क्योंकि पूरी मशीनरी इस चुनाव में लगी है। इसके बाद हम जल्द ही जिला परिषद चुनाव की घोषणा करेंगे। यदि 31 जनवरी तक चुनाव नहीं हो पाया, तो थोड़ा आगे बढ़ाने के लिए हम सुप्रीम कोर्ट से अनुरोध करेंगे।
नामांकन खारिज, 8 प्रत्याशी पहुंचे HC
नामांकन अस्वीकार किए जाने के खिलाफ 8 प्रत्याशियों ने बॉम्बे हाई कोर्ट में याचिका दायर की है कि विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर के इशारे पर रिटर्निंग अधिकारी ने उनके नामांकन पत्र स्वीकार नहीं किए हैं। वहीं, नार्वेकर ने आरोपों का खंडन किया है।
- निर्विरोध चुने उम्मीदवारों के मामले में आयोग क्या कदम उठा रहा है?
राज्य में लगभग 69 नगरसेवक निर्विरोध हैं, इनके चुनाव परिणाम की घोषणा पर रोक लगा दी गई है। इस संबंध में हमने चुनाव अधिकारियों को रिपोर्ट देने को कहा है। हमें जो शिकायत मिली है, उसमें हम जांच कर रहे है कि कहीं दूसरे कैंडिडेट को धमकाया तो नहीं गया, पैसे देकर बैठाया गया या मसल पावर का इस्तेमाल किया गया। यदि जांच में यह साबित हुआ कि गलत तरीके से कैंडिडेट निर्विरोध चुना गया है, तो वहां दोबारा चुनाव कराए जाएंगे। - क्या चुनाव आयोग राहुल नार्वेकर के खिलाफ कार्रवाई करेगा?
हम कैंडिडेट को धमकी देने और चुनाव अधिकारी के व्यवहार की जांच कर रहे है। राहुल नार्वेकर के विडियो की जांच जा रही है। बीएमसी कमिश्नर ने अपनी रिपोर्ट चुनाव आयोग को सौप दी है। दोष साबित हुआ, तो मॉडल कोड ऑफ कंडक्ट के तहत उनके खिलाफ चुनाव आयोग कार्रवाई करेगा। - यदि उम्मीदवार से ज्यादा नोटा में वोट पड़ा, तो आयोग क्या करेगा?
यदि उम्मीदवार से ज्यादा नोटा में वोट पड़ा, तो आयोग क्या करेगा?अभी तक ऐसी स्थिति का सामना नहीं करना पड़ा है। ऐसा होने की आशंका कम है। निर्विरोध जीते उम्मीदवारों का रिजल्ट कब घोषित होगा?लहाल निर्विरोध उम्मीदवारों का रिजल्ट रोक दिया गया है। इस पर संबंधित अधिकारियों से रिपोर्ट मांगी गई है। यदि जांच रिपोर्ट में कुछ नहीं पाया गया, तो 16 जनवरी को सभी का रिजल्ट घोषित करेंगे।




