
नई दिल्ली: एशियन गेम्स मेन्स क्रिकेट में भारत ने अपना दबदबा बरकरार रखते हुए लगातार दूसरी बार गोल्ड मेडल पर कब्जा किया. गोल्ड मेडल के लिए यह फाइनल मुकाबला पाकिस्तान के खिलाफ था. मैच में टीम इंडिया ने पहले बल्लेबाजी करते हुए निर्धारित 20 ओवर में 6 विकेट के नुकसान पर 211 रन का चुनौतीपूर्ण स्कोर खड़ा किया. इसके जवाब में पाकिस्तानी टीम 20 ओवर में 6 विकेट खोकर 196 रन ही बना सकी.
भारतीय टीम की इस जीत में अभिषेक शर्मा और तिलक वर्मा ने बल्ले से शानदार खेल दिखाया. अभिषेक ने 28 गेंदों में 61 रन बनाए, जबकि तिलक 22 गेंदों में 51 रन बनाकर नाबाद रहे. हालांकि, भारतीय टीम की जीत में इन दोनों के अलावा वाशिंगटन सुंदर और शिवम दुबे का योगदान भी बेहद अहम रहा. खासतौर पर शिवम दुबे ने जिस तरह अंतिम ओवरों में बल्लेबाजी की, वह निर्णायक साबित हुई.
पाकिस्तान के खिलाफ गोल्ड मेडल मैच में अभिषेक शर्मा और तिलक वर्मा की बल्लेबाजी बेशक दमदार रही, लेकिन अंतिम ओवरों में शिवम दुबे की तेज-तर्रार बैटिंग टीम इंडिया के लिए निर्णायक साबित हुई. शिवम दुबे के कारण ही भारतीय टीम 200 से अधिक रन का स्कोर बना पाई. शिवम ने टीम के लिए 15 गेंदों में 2 छक्कों और 2 चौकों की मदद से 27 रनों की महत्वपूर्ण पारी खेली.
वाशिंगटन सुंदर का स्पेल रहा मैच का टर्निंग पॉइंट
भारतीय टीम ने बल्लेबाजी में बेशक 211 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया था, लेकिन लक्ष्य का बचाव करते हुए वाशिंगटन सुंदर का स्पेल मैच का टर्निंग पॉइंट साबित हुआ. खासतौर पर सुंदर ने पाकिस्तानी पारी के छठे, 12वें और 18वें ओवर में बेहद कसी हुई गेंदबाजी की.
सुंदर ने छठे ओवर में सिर्फ 3 रन दिए, जबकि 12वें ओवर में केवल 8 रन खर्च किए. अपने स्पेल के आखिरी (18वें) ओवर में सुंदर ने 8 रन देकर 1 महत्वपूर्ण विकेट भी झटका. यही कारण रहा कि पाकिस्तान को अंतिम ओवर में जीत के लिए 33 रनों की दरकार थी, लेकिन वह सिर्फ 13 रन ही बना सकी और भारत ने यह मुकाबला 19 रनों से जीत लिया.




