तीसरी पत्नी के अंगों को काटकर जलाता था, खरीदा था नीला बक्सा; ऐसे खुलासा

झांसी: उत्तर प्रदेश के झांसी से पत्नी की हत्या की सनसनीखेज वारदात सामने आई है। रिटायर्ड रेलकर्मी ने अपनी तीसरी पत्नी की घर में हत्या कर दी। इसके बाद वह रोज उसके शरीर के टुकड़े कर जलाने लगा। मृत पत्नी को ठंड न लगे, इसलिए कंबल भी ओढ़ाता था। लाश को किसी की नजर से बचाने के लिए नीला ड्रम भी खरीदा था। इसके बाद शव के अवशेषों को ठिकाने लगाना था तो उसने अपनी दूसरी पत्नी और बेटे से मदद मांगी। तीसरी पत्नी की बॉडी को ऑटो में रखकर ठिकाने लगा जा रहा था। इसी दौरान घटना का खुलासा हो गया। पुलिस अधिकारियों को भी जब इस घटना की जानकारी मिली तो वे हैरान रह गए। मामले के खुलासे ने इलाके में सनसनी मचा दी है।
क्या है पूरी घटना?
रिटायर्ड रेल कर्मचारी राम सिंह परिहार (64) ने अपनी तीसरी पत्नी प्रीति की हत्या कर दी। इसके बाद वह एक हफ्ते तक प्रीति की लाश का एक अंग रोज कुल्हाड़ी से काटता था। उसे नीले रंग की लोहे की संदूक में रखकर जलाता था। मेरठ के नीला ड्रम कांड के बाद झांसी में नीले बक्से की रोंगटे खड़े करने वाली इस वारदात को सुनकर हर कोई सन्न है। प्रीति हत्याकांड में सोमवार को राम सिंह ने पुलिस के सामने वारदात कबूल ली। पुलिस की पूछताछ के क्रम में राम सिंह ने यह भी बताया कि भीषण ठंड के कारण शव को सर्दी न लगे, इसके लिए वह उसे कंबल भी ओढ़ाता था।
झांसी पुलिस ने मामले में राम सिंह, उसकी दूसरी पत्नी और बेटे को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस को राम सिंह ने बताया कि प्रीति उसके साथ पत्नी के तौर पर रहती थी। उससे वह बहुत प्यार करता था। राम सिंह ने कहा कि पिछले कुछ दिनों से उसकी किसी अन्य के साथ फोन पर बातचीत काफी बढ़ गई थी। साथ ही, प्रीति ने रुपयों की डिमांड भी बढ़ा दी थी।
किराए के मकान में आकर हत्या
राम सिंह को प्रीति पर शक गहराने लगा। इसके अलावा घर का माहौल भी सही नहीं था। ऐसे में दोनों किराए के मकान में 8 जनवरी को आ गए। 10 दिन पहले राम सिंह ने प्रीति की कुल्हाड़ी के वार से काटकर हत्या कर दी। इसके बाद से वह रोज उसका एक अंग काटता था और लोहे के संदूक में रखकर जला देता था। प्रीति के अंगों को कोई पहचान न सके, इसके लिए एक नीला ड्रम भी खरीदा था।
एसएसपी झांसी बीवीजीटीएस मूर्ति ने घटना को लेकर कहा कि प्रीति के शव को कई हिस्सों में काट कर जलाने वाले राम सिंह ने पूरा खुलासा किया है। राम सिंह का इरादा नदी में कूदकर जान देने का था। इससे पहले ही वह पुलिस की गिरफ्त में आ गया।
पत्नी-बेटे की भी ली मदद
रिटायर रेलवे कर्मी राम सिंह परिहार ने अपनी तीसरी पत्नी प्रीति के शव को ठिकाने लगाने के लिए अपनी दूसरी पत्नी गीता और बेटे नितिन से मदद मांगी थी। घटना की जानकारी के बाद नितिन चार लोगों को लेकर आया था। सभी ने अधजले शव के टुकड़े एक बैग में रखे। इसके बाद 400 रुपये में एक ऑटो किराए पर लिया। रविवार भोर वे प्रीति के शव को ठिकाने लगाने जा रहे थे। इसी दौरान ऑटो चालक को दुर्गंध आई। इससे उसे किसी प्रकार की गड़बड़ का अहसास हुआ। उसने तुरंत मामले की सूचना पुलिस को दे दी।
ऑटो चालक से से सूचना मिलते ही पुलिस पहुंची। पुलिस ने जब अधजली लाश को बैग में देखा तो पूछताछ करने लगी। इसी दौरान ऑटो के पीछे बाइक से आ रहे राम सिंह ने पुलिस को देखा। वह वहां से भाग निकला। रविवाद देर रात पुलिस ने राम सिंह को पकड़ लिया। इसके बाद गीता और नितिन को भी गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त हथियार कुल्हाड़ी को भी बरामद कर लिया है।
सामने आई पूरी वारदात
पुलिस की गिरफ्त में आने के बाद राम सिंह परिहार ने पूरी वारदात की जानकारी दी। सीपरी बाजार क्षेत्र के मोहल्ला ब्रह्मनगर में पिछले सप्ताह रिटायर रेलवे कर्मचारी राम सिंह परिहार ने 32 साल छोटी तीसरी पत्नी प्रीति की हत्या कर दी थी। राम सिंह को शक था कि प्रीति किसी अन्य व्यक्ति से बात करती है। कुल्हाड़ी के वार से हत्या के बाद उसने साक्ष्य छुपाने के लिए उसके अंगों को काटकर जलाना शुरू कर दिया। रविवार भोर जली लाश के अवशेषों को ठिकाने लगाने जाते समय ऑटो चालक की सूचना पर पुलिस ने मामले का खुलासा किया।
दरअसल, प्रीति खातीबाबा की रहने वाली थी। वह रेलवे अफसर के घर खाना बनाती थी। इसी दौरान राम सिंह के साथ उसका संबंध बन गया। राम सिंह की पहले ही शादी हो चुकी थी। वह दूसरी पत्नी के साथ रहता था। इसके बाद भी प्रीति ने उसके साथ रहना चुना। बाद में परिवार में विवाद बढ़ा तो 8 जनवरी वह किराए के मकान में रहने आया था। यहीं उसने वारदात को अंजाम दिया।




