बांद्रा पूर्व के गरीब नगर इलाके में बुडोजर एक्शन, 90% काम पूरा, 480 घरों और अन्य स्ट्रक्चर को गिराया

मुंबई: बांद्रा पूर्व के गरीब नगर इलाके में पश्चिम रेलवे द्वारा चलाए जा रहे अतिक्रमण हटाओ अभियान तेजी से चल रहा है। गुरुवार शाम 5 बजे तक 90% स्ट्रक्चर हटाए गए। इस दौरान बांद्रा टर्मिनल के पास स्थित 2 से 3 धार्मिक स्ट्रक्चर, जिसमे मंदिर और मजार शामिल है, को भी तोडा गया। हालांकि बुधवार की तरह बवाल नहीं मचा। पर्याप्त पुलिस बल तैनात किए गए थे। इसी के साथ ही शाम के वक़्त कुछ लोगों ने बांद्रा स्टेशन के पास मौजूद किसी अन्य प्राधिकरण की जगह पर जाकर पोस्टर फाड़े, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया। बता दें कि बुधवार की तरह गुरुवार को भी करीब 1200 सुरक्षाकर्मियों और कर्मचारियों को तैनात की गई थी। इनमें आरपीएफ के 250 जवान, जीआरपी के 200 कर्मी, मुंबई पुलिस के 500 जवान और रेलवे के विभिन्न विभागों के 250 कर्मचारी शामिल हैं।
बढ़ाई गई मशीनों की संख्या
पश्चिम रेलवे के अधिकारी के अनुसार, यह कार्रवाई कोर्ट के आदेश के तहत की जा रही है। लोगों को किसी प्रकार की दिक्कत का सामना न करना पड़े, इसके लिए उन्हें पहले से घर खाली करने का समय भी दिया जा रहा है। अब तक करीब 90 प्रतिशत कार्रवाई पूरी हो चुकी है। कुल 500 अवैध निर्माणों में से लगभग 480 घरों और अन्य स्ट्रक्चर को गिराया जा चुका है। अभियान के दौरान मशीनों की संख्या भी बढ़ाई गई है ताकि काम तय समय में पूरा किया जा सके। गुरुवार को 14 बड़ी मशीनों का इस्तेमाल किया गया। जिसमें जेसीबी, मशीन ऑपरेटर, गैस कटर शामिल है । मशीन के अलावा मैनुअल काम भी किया जा रहा है। क्योंकि 100 स्ट्रक्चर ऐसे हैं, जिन्हें नहीं हटाया जाना है, लेकिन उनपर बने 4 मंजिला अवैध निर्माण शामिल है।
रात में भी 250 पुलिसकर्मियों की तैनाती
अधिकारी ने बताया कि यात्रियों की सुरक्षा के लिए सिर्फ दिन में ही नहीं, बल्कि रात में भी पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है । रात में करीब ढाई सौ पुलिसकर्मी और 50 मलबा उठाने वाले कर्मचारी काम कर रहे हैं। यानी कुल 300 लोग वहां पर रात में भी मौजूद है। इसके साथ ही जरूरत पड़ने पर वहां के कुछ लोग जिन्हें खाने और पीने की जरूरत है, उन्हें खाना और पानी मुहैया करवाया जा रहा है। इसी के साथ ही दिन में भी काम करने के दौरान कोई भी दुर्घटना नहीं हुई है ।23 मैं तक फुल कैपेसिटी के साथ कर्मचारी काम करेंगे, लेकिन उसके बाद कर्मचारियों के संख्या में घट देखा जाएगा ।
देबरी ले जाने के लिए दिन में 40 फेरी
स्ट्रक्चर हटाए जाने की वजह से बड़े पैमाने में देबरी जमा हुई है। इन देबरी को हटाने के लिए दिन में गाडी की 40 फेरियां चलाई जा रही है। एक गाडी करीब 2 टन देबरी ली जा रही है। इस हिसाब से 2 दिनों में 80 टन देबरी ले जाई जा चुकी है।
गरीब नगर में मौजूद फोर्स
आरपीएफ – 250
जीआरपी- 200
मुंबई पुलिस- 500
रेलवे कर्मचारी – 250
कुल – 1200
यहां तोड़ा तो बगल में बनाया नया आशियाना
मुंबई: जहां एक तरफ बांद्रा पूर्व के गरीब नगर इलाके में पश्चिम रेलवे द्वारा अवैध अतिक्रमण को हटाया जा रहा है, वहीं दूसरी तरफ उसी के बगल में लोगों ने पत्रों और कपड़ों का इस्तेमाल करके लोगों ने नया घर बनाया है। गुरूवार को ऐसे कई स्ट्रक्चर देखे गए। हालांकि देर शाम प्रसाशन ने उसे भी हटाने का काम किया। बहुत से ऐसे लोग को भी देहा गया जो पत्र लेकर पलायन कर रहे है, जिससे कई सारे सवाल खड़े हो रहे है। की क्या वो इस जगह से दूर जाकर फिर अवैध तरीके से रहना शुरू कर देंगे? क्योंकि जिन्हे हटाया गया है, वो करीब 10.000 से 12000 लोग है, यह वहीँ लोग है जो पहले और दूसरे दिन यह कह रहे थे की वो उस जगह से नहीं जाएंगे? लेकिन दूसरे दिन लाठी चार्ज होने के बाद तीसरे दिन काफी हद तक लोग वहां से गायब हो चुके थे ? यह भी एक मुख्या प्रश्न उठ रहा है कि वे लोग अचानक गए कहा? किसने उन्हें रहने की जगह दी, या उन्हें किराए पर इतने जल्दी मकान मिल गया?




