AI Ethics : स्मार्ट टेक्नोलॉजी को चाहिए स्मार्ट एथिक्स

एआई एथिक्स एक नया और बढ़ता हुआ क्षेत्र है, जो यह देखता है कि एआई टेक्नोलॉजी का सही तरीके से इस्तेमाल हो। अगर आप सही पढ़ाई और कौशल सीखेंगे तो एआई एथिक्स में करियर बनाकर अपने भविष्य को बेहतर बना सकते हैं…
आज के डिजिटल युग में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) का यूज हर फील्ड में बढ़ रहा है, लेकिन जैसे-जैसे एआई का इम्पैक्ट बढ़ रहा है, वैसे-वैसे इसकी नैतिकता (एथिक्स) को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। एआई एथिक्स का मतलब है, एआई सिस्टम और टेक्नोलॉजी का यूज करते वक्त सही और गलत के बीच बैलेंस बनाना, जिससे समाज को नुकसान न पहुंचे। अगर आप टेक्नोलॉजी के साथ समाज के लिए भी कुछ सही करना चाहते हैं, तो एआई एथिक्स में करियर आपके लिए बहुत बेहतर विकल्प हो सकता है।
एआई एथिक्स: एआई एथिक्स एक ऐसा एरिया है, जो एआई और मशीन लर्निंग के डिवेलपमेंट और यूज में मोरल प्रिंसिपल्स को लागू करता है। इसमें यह सुनिश्चित किया जाता है कि एआई सिस्टम फेयर, ट्रांसपेरेंट और सुरक्षित हों और किसी भी तरह के डिस्क्रिमिनेशन या लॉस से बचाव हो। यह टेक्नोलॉजी को सही तरीके से एडवांस्ड और इस्तेमाल करने की जिम्मेदारी सिखाता है।
ऐसे करें पढ़ाई
बेसिक नॉलेज लें: सबसे पहले आपको कम्प्यूटर साइंस, मशीन लर्निंग और डाटा साइंस की बेसिक समझ होनी चाहिए। इसके लिए आप ऑनलाइन कोर्स कर सकते हैं।
एआई एथिक्स के स्पेशलाइज्ड कोर्स करें: कई प्लेटफॉर्म पर आई एथिक्स से जुड़ी स्पेशलाइज्ड कोर्स उपलब्ध हैं। इनमें एथिकल एआई, डाटा प्राइवेसी, और फेयरनेस जैसे विषय पढ़ाए जाते हैं।
डिग्री प्रोग्राम: अगर आप डिप नॉलेज चाहते हैं, तो कम्प्यूटर साइंस या डाटा साइंस में मास्टर्स के साथ एआई एथिक्स स्पेशलाइजेशन भी कर सकते हैं। भारत में आईआईटीज और आईआईएससी जैसे संस्थान एआई रिसर्च में आगे हैं।
फ्री कोर्स प्लेटफॉर्म
कोर्सेरा : एआई फॉर एवरीवन बाय एंड्रयू एनजी में एआई एथिक्स का बेसिक कवर होता है।
एडएक्स: हार्वर्ड और एमआईटी जैसे विश्वविद्यालयों के फ्री कोर्सेज।
उडेमी: कई एआई एथिक्स पर बेसिक कोर्स मिलेंगे।
फ्यूचरलर्न: एथिक्स ऑफ एआई जैसे कोर्स।
गूगल एआई: गूगल के एआई प्लेटफॉर्म पर भी एआई एथिक्स से जुड़ी सामग्री मिलती है।
करियर अवसर
भारत में एआई एथिक्स का क्षेत्र तेजी से बढ़ रहा है, क्योंकि, कंपनियां और सरकारें एआई के एथिकल यूज पर जोर दे रही हैं…
आईटी और सॉफ्टवेयर कंपनियां:
टीसीएस, इन्फोसिस, विप्रो, एचसीएल जैसी बड़ी कंपनियां एआई एथिक्स एक्सपट्र्स को हायर कर रही हैं।
फिनटेक और बैंकिंग सेक्टर:
जहां डाटा सुरक्षा और प्राइवेसी बहुत जरूरी है।
स्वास्थ्य सेवा :
एआई के इस्तेमाल में नैतिकता और मरीजों की सुरक्षा को ध्यान में रखना।
गवर्नमेंट और रेगुलेटरी बॉडीज:
पॉलिसी फार्मूलेशन और एआई के लिए नियमबनाने में।
स्टार्टअप्स: जो एआई आधारित प्रोडक्ट बनाते हैं, उन्हें नैतिक सलाह की जरूरत होती है।
इन कंपनियों में सबसे ज्यादा मांग
टीसीएस में एआई एथिक्स और रेस्पोंसिबल एआई के एक्सपट्र्स की जरूरत लगातार बढ़ रही है। यहां एआई मॉडल्स की नैतिकता और डाटा सुरक्षा पर काम होता है।
सैलरी: छह लाख से शुरू, एक्सपीरियंस के मुताबिक 20 लाख तक प्रतिवर्ष
टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस)
इन्फोसिस में एआई एथिक्स टीम खासकर एआई प्रोजेक्ट्स में फेयरनेस, ट्रांसपेरेंसी और डाटा प्राइवेसी को सुनिश्चित करती है।
सैलरी: 5.5 लाख रुपए से 18 लाख रुपए प्रतिवर्ष।
इन्फोसिस विप्रो
विप्रो की एआई डिवीजन में एथिक्स को लेकर स्ट्रिक्ट गाइडलाइंस होती हैं, जहां एआई सिस्टम्स की वैधता और नैतिकता पर ध्यान दिया जाता है। सैलरी: छह लाख रुपए से 15 लाख रुपए तक प्रतिवर्ष
एक्सेंचर इंडिया
एक्सेंचर में रेस्पोंसिबल एआई और एआई गर्वनेंस पर काम होता है। यह कंपनी एथिकल एआई के लिए कंसल्टिंग और टेक्निकल सपोर्ट प्रदान करती है।
सैलरी: 7 लाख रुपए से 22 लाख रुपए तक।
आईबीएम इंडिया
आईबीएम के एआई रिसर्च डिपार्टमेंट में एआई एथिक्स को लेकर कई प्रोजेक्ट्स चल रहे हैं। यहां एआई का सुरक्षित और नैतिक इस्तेमाल सुनिश्चित किया जाता है।
सैलरी: आठ लाख रुपए से 25 लाख रुपए प्रति वर्ष।
गूगल इंडिया
गूगल अपने एआई प्रोडक्ट्स में एआई एथिक्स को बहुत महत्त्व देता है। भारत में भी एआई एथिक्स एक्सपट्र्स की डिमांड तेजी से बढ़ रही है।
सैलरी: 12 लाख रुपए से 30 लाख रुपए तक, एक्सपीरियंस के मुताबिक।
माइक्रोसॉफ्ट इंडिया
माइक्रोसॉफ्ट में एआई एथिक्स के तहत एआई सिस्टम्स के फेयरनेस, डाटा प्राइवेसी और यूजर सेफ्टी पर फोकस किया जाता है। यहां विशेषज्ञों को बेहतरीन वेतन और ग्रोथ मिलती है।
सैलरी: 10 लाख रुपए से 28 लाख रुपए तक।
जरूरी स्किल्स
एआई और मशीन लर्निंग का बेसिक ज्ञान
डाटा प्राइवेसी और सिक्योरिटी की समझ
एथिक्स और लॉ की जानकारी
समस्या सुलझाने की क्षमता
टेक्निकल और कम्युनिकेशन स्किल्स
विदेशों में डिमांड
अमरीका: अमरीका में एआई एथिक्स की सबसे ज्यादा मांग है। यहां टेक कंपनियां जैसे गूगल, माइक्रोसॉफ्ट, आईबीएम, फेसबुक, अमेजॉन एआई एथिक्स एक्सपट्र्स को हायर करती हैं।
सैलरी: लगभग 75 लाख से 1.5 करोड़ तक प्रतिवर्ष
यूरोप (जर्मनी, यूके, फ्रांस) : यूरोप में जीडीपीआर जैसे डाटा प्राइवेसी कानूनों के कारण एआई एथिक्स प्रोफेशनल्स की मांग काफी है। कंपनियां जैसे डीपमाइंड (यूके), एसएपी (जर्मनी) व अन्य एआई एथिक्स पर काम कर रहे हैं।
सैलरी: लगभग 50 लाख रुपए से एक करोड़ रुपए प्रतिवर्ष
कनाडा: कनाडा में भी एआई एथिक्स का क्षेत्र तेजी से बढ़ रहा है। टेक कंपनियों के साथ-साथ सरकार और रिसर्च इंस्टीट्यूट्स में इस फील्ड की मांग है।
सैलरी: लगभग 45 लाख रुपए से 85 लाख रुपए प्रतिवर्ष
सिंगापुर: सिंगापुर एशिया में एआई एथिक्स हब बनता जा रहा है। यहां कई मल्टीनेशनल कंपनियां और सरकारी एजेंसियां एआई एथिक्स में निवेश कर रही हैं।
सैलरी: लगभग 38 लाख रुपए से 70 लाख रुपए प्रतिवर्ष
जापान: जापान में एआई रोबोटिक्स के क्षेत्र में एआई एथिक्स की खास भूमिका है। बड़े इलेक्ट्रॉनिक्स और ऑटोमोटिव कंपनियां इस क्षेत्र के एक्सपट्र्स को हायर करती हैं।
सैलरी: लगभग 35 लाख रुपए से 70 लाख रुपए प्रतिवर्ष




