यूपी के BSP विधायक उमाशंकर सिंह के ठिकानों पर छापेमारी जारी, 9 करोड़ नकद मिले

लखनऊ: बसपा विधायक उमाशंकर सिंह और उनके करीबियों के ठिकानों पर दूसरे दिन भी आयकर विभाग की छापेमारी जारी रही। दावा है कि तलाशी में 9 करोड़ रुपये नकद समेत लूज शीट्स, डायरियां, हाथ से लिखे दस्तावेज और टेंडर-भुगतान से जुड़ी कई संदिग्ध फाइलें मिली हैं। इनमें बड़े पैमाने पर लेनदेन के संकेत है।
सूत्रों के मुताबिक, गोमतीनगर में विधायक के दोनों आवास में तलाशी पूरी हो गई, जबकि बलिया, वाराणसी, सोनभद्र और प्रयागराज में सर्वे जारी है।
अफसरों से मिलीभगत कर टेंडर लेने के आरोप
उमाशंकर सिंह लंबे वक्त से बीमार है। उनके बेटे प्रिंस यूकेश सिंह ने X पोस्ट में जांच में पूरी तरह से सहयोग किए जाने का दावा किया। वह उमाशंकर की कंपनी छात्रशक्ति कंस्ट्रक्शन के सीईओ भी है। सूत्रों के मुताबिक, सोनभद्र में खनन और PWD समेत कई विभागों में उमाशंकर की कंपनी को मिले टेंडरों के तार भी छापेमारी से जुड़े हैं। उनकी कंपनी पर अफसरों से मिलीभगत कर टेंडर लेने के आरोप लगते रहे हैं।
लखनऊ, बलिया समेत 30 स्थानों पर एक साथ छापेमारी
बलिया की रसड़ा सीट से एकमात्र बसपा विधायक उमाशंकर सिंह के ठिकानों पर बुधवार से छापेमारी चल रही है। लखनऊ, बलिया, सोनभद्र, कौशांबी, मिर्जापुर और प्रयागराज में 30 से अधिक स्थानों पर एक साथ छापे मारे गए। 50 से ज्यादा अफसरों की टीमें सुबह 11 बजे से लगातार जांच कर रही हैं।
कैग रिपोर्ट में हुई थी 60 करोड़ की राजस्व हानि
उमाशंकर सिंह छात्रशक्ति कंस्ट्रक्शन कंपनी और साईंराम इंटरप्राइजेज के नाम से सड़क और खनन का काम करते हैं। पिछले साल कैग रिपोर्ट में कहा गया था कि सोनभद्र में अवैध खनन कार्यों से करीब 60 करोड़ रुपये के राजस्व की हानि हुई थी। माना जा रहा है कि कैग की इस रिपोर्ट के आने के बाद उमाशंकर सिंह और उनके करीबियों के ठिकानों को खंगाला गया है।
बलिया में बाराती बनकर पहुंची थी आयकर टीम
बलिया में उमाशंकर सिंह के आवास पर छापा मारना आसान नहीं था। ऐसे में आयकर विभाग की टीम सरकारी वाहनों के बजाय निजी वाहन से पहुंची। वाहन में महेंद्र कुमार संग संगीता कुमारी की शादी वाले स्टीकर भी लगा दिए गए ताकि किसी को शक ना हो। इस रणनीति के तहत अधिकारी आसानी से उमाशंकर सिह के घर तक पहुंच गए।



