कुकर से डायलिसिस करता था शख्स, 13 साल रहा जिंदा, जुगाड़ ने बचा दिए लाखों रुपए!

गरीबी और बीमारी इंसान को कितना जुगाड़ू बना सकता है, इसका सबसे बेहतरीन उदाहरण सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. एक चीनी शख्स ने किडनी फेलियर होने के बाद महंगे डायलिसिस के खर्च को बचाने के लिए घर के प्रेशर कुकर से खुद की डायलिसिस मशीन बना ली और उससे पूरे 13 साल तक जिंदा रहा.
यह कहानी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है और लोग इसकी सराहना कर रहे हैं. शख्स का नाम वांग (Wang) बताया जा रहा है. कुछ साल पहले उनकी किडनी पूरी तरह फेल हो गई थी. डॉक्टर्स ने उन्हें हफ्ते में 2-3 बार डायलिसिस करवाने की सलाह दी थी. लेकिन अस्पताल में हर सेशन पर हजारों रुपये खर्च होते थे. गरीब परिवार के लिए यह खर्च उठाना नामुमकिन था. ऐसे में वांग ने सोचा कि कुछ जुगाड़ करना होगा. मज़बूरी में उन्होंने जुगाड़ू डायलिसिस मशीन बनाई, जो अब चर्चा का विषय बन गया है.
पुराने कुकर ने किया कमाल
घर में पड़ा पुराना प्रेशर कुकर देखकर उनके दिमाग में आइडिया आया. उन्होंने कुकर को मॉडिफाई करके एक बेसिक डायलिसिस जैसी डिवाइस तैयार की. इसमें उन्होंने फिल्टर, ट्यूब्स और प्रेशर कंट्रोल सिस्टम लगाया. दोस्तों और इंटरनेट से जानकारी लेकर उन्होंने यह अनोखा सिस्टम बनाया था. शुरू में परिवार वाले डरे हुए थे लेकिन मजबूरी ने उन्हें इस रास्ते पर चलने को मजबूर कर दिया. हैरानी की बात यह है कि इस DIY डिवाइस से वांग ने पूरे 13 साल तक खुद का डायलिसिस किया. डॉक्टर्स के मुताबिक सामान्य परिस्थितियों में इतने लंबे समय तक घरेलू तरीके से डायलिसिस करना बेहद खतरनाक हो सकता है. इंफेक्शन, ब्लड प्रेशर की समस्या और अन्य जटिलताएं आम हैं. लेकिन वांग की हिम्मत और सावधानी ने उन्हें लंबे समय तक जिंदा रखा.
वायरल हुआ जुगाड़
सोशल मीडिया पर जब यह कहानी सामने आई तो लोग हैरान रह गए. एक यूजर ने लिखा, “13 साल तक प्रेशर कुकर से डायलिसिस? यह तो असंभव लगता है।” दूसरे ने कहा, “गरीबी इंसान को कितना क्रिएटिव बना देती है.” कई लोग इस शख्स को हीरो बता रहे हैं. चीन में किडनी फेलियर के मरीजों की संख्या काफी ज्यादा है. महंगे इलाज और सीमित स्वास्थ्य सुविधाओं के कारण कई गरीब मरीज परेशान रहते हैं. वांग की कहानी ने स्वास्थ्य व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं. विशेषज्ञ कहते हैं कि हालांकि जुगाड़ ने उन्हें बचाया लेकिन यह कोई स्थायी या सुरक्षित समाधान नहीं है. सही डायलिसिस मशीन और मेडिकल निगरानी बहुत जरूरी होती है. वांग ने बताया कि उन्होंने साफ-सफाई का पूरा ध्यान रखा था. हर बार नए फिल्टर इस्तेमाल करते और मशीन को अच्छे से स्टरलाइज करते थे. फिर भी कई बार उन्हें इंफेक्शन और अन्य दिक्कतों का सामना करना पड़ा. परिवार के सदस्य कहते हैं कि वांग की इच्छाशक्ति ही उनकी सबसे बड़ी दवा थी.




